PM Modi speech on independence day : नयी दिल्ली : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के 80 वें स्वतंत्रता दिवस पर लाल किले की प्राचीर से देश की जनता को संबोधित करते हुए पिछले 12 वर्षों में देश में आए बदलावों पर प्रकाश डाला और विनिर्माण, डिजिटल अवसंरचना, बुनियादी सुविधाओं, ऊर्जा सुरक्षा, युवा सशक्तीकरण, नवाचार, सामाजिक सुरक्षा और अन्य प्रमुख क्षेत्रों में हुई प्रगति की रूपरेखा प्रस्तुत की।
प्रधानमंत्री के संबोधन के मुख्य बिंदु इस प्रकार हैं:
- विनिर्माण: पैमाना और आत्मनिर्भरता
- रक्षा उत्पादन में लगभग चार गुना वृद्धि हुई।
- खादी और ग्राम उद्योग उत्पादन में लगभग 5 गुना वृद्धि ।
- इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण में लगभग 7 गुना वृद्धि।
- आधुनिक रेलवे कोचों का उत्पादन 21 गुना बढ़ा।
- मोबाइल फोन का उत्पादन 35 गुना बढ़ा।
- डिजिटल इंडिया और नवाचार
प्रधानमंत्री ने भारत के डिजिटल और नवाचार इकोसिस्टम के तेजी से हुए विस्तार पर प्रकाश डालते हुए कहा कि देश में आज इंटरनेट उपभोक्ताओं की संख्या में लगभग चार गुणा वृद्धि हो गई है
- पेटेंट अनुदानों में चार गुना वृद्धि हुई।
- डिजिटल लेनदेन में लगभग 100 गुना वृद्धि।
- भारत ने एक काफी बड़ा डिजिटल और नवाचार इकोसिस्टम विकसित किया है।
- बुनियादी सुविधाओं की तेजी से अंतरण
प्रधानमंत्री ने इस बात पर प्रकाश डाला कि बुनियादी सुविधाएं आम नागरिकों तक कितनी तीव्रता से पहुंच रही हैं :
- नल के पानी के कनेक्शन औसतन वार्षिक गति से लगभग 15 गुना अधिक तेजी से उपलब्ध कराए गए हैं।
- एलपीजी कनेक्शन वार्षिक रूप से लगभग 6 गुना अधिक तेजी से उपलब्ध कराए गए हैं।
- गरीबों के लिए शौचालयों का निर्माण वार्षिक गति से लगभग 4 गुना अधिक तेजी से किया गया है।
- गरीबों के लिए पक्के मकानों का निर्माण वार्षिक गति से लगभग 3 गुना अधिक तेजी से किया जा रहा है।
- सैकड़ों अप्रचलित कानूनों को समाप्त कर दिया गया है।
- मेट्रो प्रणालियों सहित आधुनिक सार्वजनिक परिवहन कई और शहरों तक पहुंच चुका है।
- सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम का निर्माण
प्रधानमंत्री ने घरेलू सेमीकंडक्टर क्षमताओं के निर्माण में भारत की प्रगति पर प्रकाश डाला:
- इससे पहले भारत में कोई बड़ा सेमीकंडक्टर विनिर्माण संयंत्र नहीं था।
- भारत में अब एक संपूर्ण सेमीकंडक्टर इकोसिस्टम का निर्माण किया जा रहा है।
- तीन सेमीकंडक्टर संयंत्रों की शुरुआत की गई है।
- भारत ने चिप्स का निर्यात भी शुरू कर दिया है।
- महत्वपूर्ण खनिजों की सुरक्षा
उभरती प्रौद्योगिकियों के लिए महत्वपूर्ण खनिजों के महत्व पर प्रकाश डालते हुए, प्रधानमंत्री ने इस क्षेत्र में भारत की क्षमताओं को मजबूत करने के लिए उठाए जा रहे कदमों का उल्लेख किया।
- राष्ट्रीय महत्वपूर्ण खनिज मिशन शुरू किया।
- बजट में महत्वपूर्ण खनिज गलियारे की घोषणा।
- महत्वपूर्ण खनिज आपूर्ति के लिए कई देशों के साथ समझौते पर हस्ताक्षर।
- ऊर्जा सुरक्षा को सुदृढ़ बनाना
प्रधानमंत्री ने इस बात पर बल दिया कि ऊर्जा सुरक्षा एक विकसित भारत के निर्माण के लिए एक आवश्यक शर्त है, क्योंकि चिप्स, एआई और डेटा सेंटर जैसी प्रौद्योगिकियों को भारी मात्रा में बिजली की आवश्यकता होती है।
परमाणु ऊर्जा की भूमिका पर बल देते हुए प्रधानमंत्री ने निम्नलिखित बातों पर प्रकाश डाला:
- शांति अधिनियम परमाणु ऊर्जा क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण सुधार।
- भारत ने फास्ट ब्रीडर परमाणु प्रौद्योगिकी में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है।
- इस तकनीक में भारत को परमाणु ईंधन के मामले में आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने की क्षमता है।
- तेल और गैस अन्वेषण का विस्तार
प्रधानमंत्री ने अपतटीय अन्वेषण के प्रति भारत के दृष्टिकोण में आए बदलाव पर प्रकाश डाला:
- भारत के अपतटीय क्षेत्र का लगभग 99% हिस्सा पहले 'नो-गो एरिया' के रूप में वर्गीकृत था।
- अब दृष्टिकोण नो-गो एरिया से बदलकर गो अहेड एरिया हो गया है।
- पहले प्रतिबंधित क्षेत्रों को अन्वेषण के लिए खोल दिया गया है।
- इससे नए तेल और गैस भंडार की खोज की संभावनाएं पैदा हुई हैं।
- ऊर्जा विविधीकरण
प्रधानमंत्री ने ऊर्जा के विभिन्न स्रोतों में हो रहे तीव्र विस्तार पर प्रकाश डाला।
शहर गैस वितरण
- 2014: 70 से भी कम शहरों में उपलब्ध।
- आज: लगभग 700 शहरों में उपलब्ध है।
पाइपयुक्त खाना पकाने वाली गैस
- 2014: लगभग 20-22 लाख परिवार।
- आज: लगभग 1.75 करोड़ परिवार।
सौर ऊर्जा
- 2014: लगभग 2 गीगावॉट।
- आज: लगभग 160 गीगावॉट।
पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना
- इस योजना से 50 लाख से अधिक परिवार लाभान्वित हो चुके हैं।
- लाखों परिवार कम या शून्य बिजली बिलों से लाभान्वित हो रहे हैं।
- परिवार अतिरिक्त बिजली बेचकर भी कमाई कर सकते हैं।
- प्रत्येक परिवार को लगभग 80,000 रुपये तक की सहायता उपलब्ध है।
- रेलवे: विद्युतीकरण और भविष्य के ईंधन
- 2014 में, लगभग 90 वर्षों के बाद, रेलवे नेटवर्क का केवल लगभग 30 प्रतिशत हिस्सा ही विद्युतीकृत हो पाया था।
- आज भारतीय रेलवे लगभग पूर्ण विद्युतीकरण की ओर अग्रसर है।
- भारत ने अपनी पहली मेड-इन-इंडिया हाइड्रोजन ट्रेन पर काम शुरू कर दिया है।
- इसे दुनिया की सबसे लंबी और सबसे शक्तिशाली हाइड्रोजन ट्रेन के रूप में विकसित किया जा रहा है।
- वैश्विक संकटों के दौरान भारत का लचीलापन
प्रधानमंत्री ने कहा कि पिछले 10-12 वर्षों में विकसित क्षमताओं का परीक्षण निम्नलिखित परिस्थितियों में किया गया:
- कोविड-19 महामारी
- रूस-यूक्रेन युद्ध
- पश्चिम एशिया में संघर्ष
- किसानों के लिए किफायती उर्वरक
किसानों को वैश्विक स्तर पर उर्वरकों की बढ़ती कीमतों से बचाने के लिए सरकार द्वारा किए जा रहे प्रयासों पर प्रकाश डालते हुए प्रधानमंत्री ने कहा:
- यूरिया: अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इसकी कीमत लगभग 3,000 रुपये प्रति बोरी है; भारतीय किसानों को यह 300 रुपये से कम में मिल जाता है।
- डीएपी: अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इसकी कीमत 5,000 रुपये से अधिक है; भारतीय किसानों को यह 1,350 रुपये में मिलता है।
- व्यापार और निर्यात के अवसर
प्रधानमंत्री ने भारतीय उत्पादकों और निर्यातकों के लिए सृजित हो रहे नए अवसरों पर प्रकाश डाला:
- 2014 से लेकर अब तक भारत ने लगभग 40 देशों के साथ मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) किए।
- कृषि, मत्स्य पालन, लघु एवं मध्यम उद्यमों, वस्त्र और अन्य निर्यात क्षेत्रों के लिए नए अवसर खुले।
- विकसित भारत के केंद्र में युवा
प्रधानमंत्री ने कहा कि विकसित भारत के निर्माण में भारत के युवाओं की मुख्य भूमिका है और उन्होंने उनके लिए खुले नए अवसरों पर प्रकाश डाला।
- स्टार्टअप इंडिया: नवाचार और उद्यमिता के नए रास्ते
- 1 लाख करोड़ रुपये का अनुसंधान कोष: युवा शोधकर्ताओं के लिए नए अवसर
- डिजिटल इंडिया: किफायती डेटा के माध्यम से सशक्तिकरण
- स्किल इंडिया: राष्ट्रीय कौशल इकोसिस्टम
- अंतरिक्ष क्षेत्र: निजी भागीदारी के लिए खुला है
- राष्ट्रीय ड्रोन नीति: युवा उद्यमियों और नवप्रवर्तकों के लिए नए अवसर
- खेलो इंडिया: सुदृढ़ खेल इकोसिस्टम
- शिक्षा और नवाचार
प्रधानमंत्री ने शैक्षिक और नवाचार के अवसरों के विस्तार पर प्रकाश डाला:
- राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020: 35 वर्षों के अंतराल के बाद पेश की गई।
- विश्वविद्यालय: 2004-2014 के दौरान 350 से कम; अगले दशक में लगभग 650 नए विश्वविद्यालय जोड़े गए।
- मेडिकल कॉलेज: 2014 से पहले 400 से कम; आज लगभग 850।
- विद्यालयों में 10,000 से अधिक अटल टिंकरिंग लैब स्थापित किए जा चुके हैं।
- बचपन से ही प्रौद्योगिकी और नवाचार की मानसिकता विकसित करने पर विशेष ध्यान दिया गया है।
- स्टार्टअप, अंतरिक्ष और एआई
प्रधानमंत्री ने भारत के बढ़ते स्टार्टअप और नवाचार इकोसिस्टम पर प्रकाश डाला:
- एक भारतीय अंतरिक्ष स्टार्टअप ने भारत में निर्मित रॉकेट का प्रक्षेपण किया।
- भारत में अब लगभग 2.5 लाख पंजीकृत स्टार्टअप।
- कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) युवा भारतीयों के लिए नए अवसर पैदा कर रही है।
- इस वर्ष एआई इम्पैक्ट समिट की मेजबानी भारत ने की।
- नए क्षेत्र और नए अवसर
जैव अर्थव्यवस्था
- 2014: लगभग 60,000 करोड़ रुपये
- आज: लगभग 20 लाख करोड़ रुपये
- इस विस्तार से नए रोजगार और उद्यमशीलता के अवसर पैदा हो रहे हैं।
इलेक्ट्रिक वाहन
- पिछले दशक के अंत तक: प्रतिवर्ष लगभग 1.5 लाख इलेक्ट्रिक वाहन बेचे गए।
- पिछले साल: लगभग 25 लाख इलेक्ट्रिक वाहन बिके।
विमानन
- नए हवाई अड्डों और मार्गों से रोजगार के अवसर पैदा हो रहे हैं।
- एमआरओ नए अवसर खोल रहा है।
- भारत मेड-इन-इंडिया विमान निर्माण की ओर अग्रसर।
- भारत में निर्मित सी-295 रक्षा परिवहन विमान ने अपनी उड़ान सफलतापूर्वक पूरी की।
- स्वामित्व के माध्यम से ग्रामीण सशक्तिकरण
प्रधानमंत्री ने स्वामित्व पहल के प्रभाव पर प्रकाश डाला:
- लगभग 32 लाख परिवारों को संपत्ति कार्ड प्राप्त हो चुके हैं।
- ग्रामीण क्षेत्रों में लगभग 140 लाख करोड़ रुपये की आर्थिक क्षमता का पता लगाया जा चुका है।
- संपत्ति संबंधी रिकॉर्ड की मदद से ग्रामीण अपनी संपत्ति के बदले बैंक से ऋण प्राप्त कर पा रहे हैं।
- ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार, स्वरोजगार और उद्यमिता के नए अवसर खुल गए हैं।
- रक्षा निर्यात में वृद्धि
प्रधानमंत्री ने भारत के रक्षा निर्यात के विस्तार पर प्रकाश डाला:
- रक्षा निर्यात में 50 गुना से अधिक की वृद्धि हुई है।
- भारतीय रक्षा उपकरण अब लगभग 100 देशों को निर्यात किए जाते हैं।
- महिला नेतृत्व वाला विकास: लखपति दीदी
भारत के विकास में महिलाओं की बढ़ती भूमिका पर प्रकाश डालते हुए:
- 3 करोड़ लखपति दीदियों का लक्ष्य प्राप्त किया।
- सामान्य, दलित, पिछड़े और आदिवासी परिवारों की महिलाएं लखपति दीदी बन गई।
- सामाजिक सुरक्षा का विस्तार
प्रधानमंत्री ने सामाजिक सुरक्षा कवरेज के विस्तार पर प्रकाश डाला:
- 2014 से पहले, लगभग 25 करोड़ लोग सामाजिक सुरक्षा के दायरे में आते थे।
- आज लगभग 100 करोड़ भारतीय किसी न किसी सामाजिक सुरक्षा योजना के अंतर्गत आते हैं।
- आयुष्मान भारत
प्रधानमंत्री ने आयुष्मान भारत योजना के अन्तर्गत परिवारों को दी गई वित्तीय सहायता पर प्रकाश डाला।
- लाभार्थी परिवारों ने चिकित्सा व्यय में अनुमानित 2 लाख करोड़ रुपये की बचत की।